भगवद्गीता का उपदेश कब दिया गया?
परंपरा के अनुसार मार्गशीर्ष शुक्ल एकादशी को, कुरुक्षेत्र युद्ध के पहले दिन; इसी तिथि को गीता जयंती मनाई जाती है।
उत्तर
परंपरा के अनुसार भगवान श्रीकृष्ण ने गीता का उपदेश मार्गशीर्ष (अगहन) मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को कुरुक्षेत्र युद्ध के पहले दिन, युद्ध आरंभ होने से ठीक पहले दिया था। इसी स्मृति में हर वर्ष इस तिथि को गीता जयंती मनाई जाती है। इसी एकादशी को मोक्षदा एकादशी भी कहा जाता है। इस दिन भक्त गीता पाठ, व्रत और सत्संग करते हैं, और कुरुक्षेत्र में विशेष उत्सव होता है।
ऐतिहासिक वर्ष के बारे में कोई एक सर्वमान्य उत्तर नहीं है। परंपरागत गणना के अनुसार भगवान श्रीकृष्ण के स्वधाम गमन के साथ कलियुग का आरंभ हुआ, जिसे परंपरा में ईसा पूर्व 3102 माना जाता है, और युद्ध उससे कुछ दशक पहले हुआ। आधुनिक इतिहासकार और खगोल-आधारित गणनाएँ अलग-अलग काल बताती हैं, इसलिए इस विषय पर मतभेद हैं।
भक्तों के लिए तिथि से अधिक महत्त्वपूर्ण यह है कि गीता का संदेश सनातन है और हर दिन जीवन में उतारा जा सकता है।
- Tithi
- Margashirsha Shukla Ekadashi
- Festival
- Gita Jayanti